जयपुर की सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी ने दिवाली और धनतेरस के अवसर पर खरीदारों के लिए चांदी- सोने के सिक्‍के जारी किए हैं एसटीसी ने चांदी के 5,10,20,50़,100, 250,500 ग्राम और 1 किलो वजन वाले सिक्के जारी किए हैं चांदी के सिक्कों में गोल, अंडाकार, चौकोर और आयताकार सिक्के शामिल है सोने में 1,2,4,5,8,10,20,50 और 100 ग्राम के सिक्के जारी किए गए हैं सोने के सिक्‍कों में गोल और आयताकार दो डिजाइन उपलब्‍ध कराए गए हैं अध्‍यक्ष कैलाश मित्तल ने बताया कि दिवाली और धनतेरस पर सोने- चांदी के सिक्के खरीदने की परंपरा है, लेकिन इस त्यौहार पर कई लोग खोटे और मिलावटी सिक्के बेचकर ग्राहकों को ठगते थे। सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी ने पहल करते हुए 2007 में पहली बार अपनी मुहर वाले सिक्के जारी किए। इनमें शत- प्रतिशत शुद्धता की कमेटी की ओर से गारंटी दी जाती है। जिसकी वजह से खरीदारों की ओर से जबरदस्त रुझान आया। साल दर साल एसटीसी के सिक्‍कों के प्रति खरीदारों का रुझान बढ़ता गया। वर्तमान में प्रदेश के लगभग 20 जिलों से जयपुर सर्राफा कमेटी के सिक्कों की मांग आ रही है। महामंत्री मातादीन सोनी का कहना है कि यदि 2007 से तुलना करें तो एसटीसी के सिक्कों की मांग 2022 में दस गुना से ज्‍यादा बढ़ चुकी है। इसमें अब हर साल 20 प्रतिशत तक का इजाफा हो रहा है। इसका एक ही कारण है कि इनकी शुद्धता के कारण ग्राहक यदि वापस इन सिक्कों को बेचते हैं तो उन्हें शुद्ध चांदी या सोने का भाव मिलता है